
ओरछा। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पवित्र धार्मिक एवं पर्यटन नगरी ओरछा में निर्माणाधीन श्री रामराजा लोक के विकास कार्यों का निरीक्षण किया। इस दौरान भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय सह-संगठन महामंत्री शिवप्रकाश, प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, सांसद एवं अन्य जनप्रतिनिधि उनके साथ मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने निर्माण स्थल का अवलोकन करते हुए अधिकारियों से श्री रामराजा लोक परियोजना के अंतर्गत चल रहे विभिन्न विकास एवं निर्माण कार्यों की प्रगति की विस्तार से जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि परियोजना से जुड़े सभी कार्य उच्च गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण किए जाएं, ताकि श्रद्धालुओं और पर्यटकों को शीघ्र ही बेहतर सुविधाओं का लाभ मिल सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पवित्र नगरी ओरछा में श्री रामराजा लोक का विकास उज्जैन के श्री महाकाल महालोक की तर्ज पर किया जा रहा है। प्रदेश सरकार का उद्देश्य धार्मिक स्थलों का संरक्षण करने के साथ-साथ उन्हें आधुनिक सुविधाओं से जोड़ते हुए श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों के लिए और अधिक आकर्षक बनाना है।
उन्होंने कहा कि उज्जैन में श्री महाकाल महालोक के निर्माण के बाद धार्मिक पर्यटन को नई गति मिली है। देश ही नहीं, बल्कि विदेशों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक उज्जैन पहुंच रहे हैं। इससे जहां लोगों को आस्था और भारतीय संस्कृति से जुड़ने का अवसर मिला है, वहीं स्थानीय व्यापार, रोजगार और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिली है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि इसी प्रकार ओरछा में श्री रामराजा लोक के विकसित होने से बुंदेलखंड क्षेत्र में धार्मिक एवं पर्यटन गतिविधियों को नई पहचान मिलेगी। भगवान श्रीरामराजा सरकार की नगरी ओरछा का धार्मिक, ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व देश-दुनिया में है। यहां आने वाले श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है। श्री रामराजा लोक के निर्माण से श्रद्धालुओं के लिए सुविधाओं का विस्तार होगा और क्षेत्र के पर्यटन विकास को भी नई दिशा मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश सरकार केवल ओरछा ही नहीं, बल्कि चित्रकूट, दतिया, नलखेड़ा और मंदसौर सहित मध्यप्रदेश के प्रमुख तीर्थस्थलों के विकास एवं वहां श्रद्धालुओं के लिए सुविधाओं के विस्तार का कार्य भी निरंतर कर रही है। सरकार का प्रयास है कि प्रदेश के धार्मिक और सांस्कृतिक केंद्रों को पर्यटन की दृष्टि से विकसित करते हुए स्थानीय स्तर पर रोजगार और आर्थिक गतिविधियों के नए अवसर तैयार किए जाएं।
निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों से निर्माण कार्यों की प्रगति की जानकारी लेते हुए गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि धार्मिक महत्व की इस महत्वपूर्ण परियोजना के निर्माण में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी और सभी कार्य तय मानकों के अनुरूप पूरे किए जाएं।
इस अवसर पर विधायक अनिल जैन, राज्यसभा सांसद महेश केवट, श्रीमती जमुना भिड़े, जिला पंचायत सीईओ रोहन सक्सेना सहित अन्य अधिकारी एवं भारतीय जनता पार्टी के पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे

