
भोपाल। आगामी मानसून को देखते हुए डेंगू और चिकनगुनिया जैसी मच्छर जनित बीमारियों की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह सक्रिय हो गया है। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) की मिशन संचालक डॉ. सलोनी सिडाना ने सभी जिलों को प्री-मानसून तैयारियों के तहत सख्त दिशा-निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने संक्रमण और मृत्यु दर को शून्य स्तर पर लाने के उद्देश्य से विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं।
मिशन संचालक ने बताया कि मानसून और जल-जमाव के दौरान एडीज मच्छरों के पनपने की संभावना अधिक रहती है। इसे देखते हुए सभी जिलों में हाई-रिस्क क्षेत्रों की पहचान कर विशेष निगरानी की जाएगी। पूर्व में संक्रमित रहे हॉटस्पॉट क्षेत्रों में विशेष अभियान चलाकर मरीजों की शीघ्र पहचान सुनिश्चित की जाएगी। इसके लिए इंटीग्रेटेड हेल्थ इंफॉर्मेशन प्लेटफॉर्म (IHIP-VBD) के माध्यम से रियल-टाइम रिपोर्टिंग की व्यवस्था की गई है।
कलेक्टर श्रीमती जमुना भिड़े के निर्देशानुसार सभी सेक्टरों में डॉक्टरों, क्षेत्रीय कार्यकर्ताओं, आशा सहयोगिनी, सीएचओ, एएनएम और एमपीडब्ल्यू की बैठकें आयोजित कर गांव-गांव डेंगू से बचाव, साफ-सफाई और सावधानी संबंधी संदेश पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही अधिकारियों एवं कर्मचारियों को मुख्यालय पर उपस्थित रहने तथा गांवों में ही मलेरिया जांच सुनिश्चित करने को कहा गया है।
मच्छरों के प्रजनन स्थलों को नष्ट करने के लिए स्रोत न्यूनीकरण अभियान चलाया जाएगा। इसके तहत घर-घर निरीक्षण, एंटी-लार्वा स्प्रे एवं प्रभावित क्षेत्रों में फॉगिंग की जाएगी। स्वास्थ्य विभाग ने सभी ब्लॉक एवं स्वास्थ्य केंद्रों पर दवाइयों, डायग्नोस्टिक किट, कीटनाशक, फॉगिंग मशीन और पीपीई किट की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
जन-जागरूकता के लिए सोशल मीडिया, प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का सहारा लिया जाएगा। 16 मई राष्ट्रीय डेंगू दिवस तथा जुलाई माह में एंटी-डेंगू माह के दौरान स्कूल, कॉलेज, पंचायत एवं ब्लॉक स्तर पर विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
डॉ. सलोनी सिडाना ने सभी मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारियों तथा जिला वेक्टर जनित रोग नियंत्रण अधिकारियों को नियमित फील्ड विजिट और समीक्षा बैठकें करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी क्षेत्र में बीमारी फैलने की स्थिति बनने पर तत्काल राज्य स्तर पर सूचना साझा कर आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाए जाएं, ताकि आमजन को सुरक्षित रखा जा सके।
