


निवाड़ी। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय शाखा निवाड़ी द्वारा चलाए जा रहे नशामुक्ति अभियान के तहत विभिन्न विद्यालयों में नशामुक्ति एवं जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। अभियान के अंतर्गत अग्नि क्लासेज, शासकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय क्रमांक-2 तथा दी होप एकेडमी हायर सेकेंडरी स्कूल सहित विभिन्न शिक्षण संस्थानों में विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया गया।
कार्यक्रम में निवाड़ी केंद्र प्रभारी राजयोगिनी बीके रचना दीदी ने कहा कि आज मोबाइल और सोशल मीडिया भी बच्चों के लिए एक प्रकार के नशे का रूप लेते जा रहे हैं, जिसका उनके शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि बच्चों को मोबाइल की लत से बचाने के साथ ध्यान एवं राजयोग मेडिटेशन से उनके श्रेष्ठ भविष्य का निर्माण करने की आवश्यकता है। उन्होंने विद्यार्थियों को संदेश दिया कि परिवर्तन की राह पर चलकर व्यसनों से स्वयं को दूर रखना है और भारत को स्वस्थ एवं नशामुक्त बनाना है।
टहरौली केंद्र प्रभारी बीके पूजा दीदी ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि नशा जीवन की शक्ति और संस्कारों को कमजोर करता है, जबकि आत्म-जागरूकता, सकारात्मक सोच और राजयोग जीवन को नई दिशा प्रदान करते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से नशे से दूर रहने तथा परिवार और समाज को भी नशामुक्त बनाने में सहयोग करने का आह्वान किया।
इस दौरान विद्यार्थियों को नशामुक्त जीवन जीने और दूसरों को भी नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करने का संकल्प दिलाया गया। विद्यालयों के प्रधानाचार्यों एवं शिक्षकों ने ब्रह्माकुमारी संस्था द्वारा चलाए जा रहे अभियान की सराहना करते हुए कहा कि युवा पीढ़ी को नशे जैसी बुराइयों से बचाने के लिए इस तरह के जागरूकता कार्यक्रम आवश्यक हैं।
कार्यक्रम में बीके मोहिनी दीदी, बीके प्रिंसी दीदी, जिला शिक्षा अधिकारी उन्मेश श्रीवास्तव, प्राचार्य अटल शर्मा, सह प्राचार्या कल्पना किलौतिया, शिक्षक देवेंद्र वर्मा, सुंदरम चतुर्वेदी, सुरेंद्र वर्मा, रामकिशन भाई, अजय पाल, अंजना गुप्ता, विनोद मिश्रा, निखिल गुप्ता, आनंद कुशवाहा, जीडी अहिरवार सहित विद्यालयों का स्टाफ मौजूद रहा। अभियान का उद्देश्य स्वस्थ, संस्कारवान एवं नशामुक्त समाज का निर्माण करना है।

